*शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ती अपराधिक घटनाओं के खिलाफ बसपा का प्रदर्शन*
*अनुसूचित जाति-जनजाति पर हो रहे अत्याचारों के मामले को लेकर एसपी कार्यालय में नारेबाजी*
चीफ एडिटर जबलपुर, 12 मई 2026 – जिले में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाओं और पुलिस की नाकामी के खिलाफ बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरती चौधरी हत्याकांड सहित अनुसूचित जाति-जनजाति पर हो रहे अत्याचारों के मामलों में निष्पक्ष जांच और कठोर कार्रवाई की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा।
(घमापुर थाना क्षेत्र में दर्दनाक हत्या)
बसपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि घमापुर थाना अंतर्गत झाड़ू-पोछा कर जीवन यापन करने वाली आरती चौधरी की निर्मम हत्या कर दी गई। पार्टी नेताओं ने बताया कि मृतिका के शरीर पर मारपीट और दुष्कर्म के स्पष्ट निशान थे, जिसके बाद उसे पंखे से लटका दिया गया। बसपा ने इस मामले में अन्य संलिप्त आरोपियों पर भी कार्रवाई की मांग की है।
कई थाना क्षेत्रों में पुलिस की नाकामी के आरोप
प्रदर्शन के दौरान बसपा नेताओं ने कई थाना क्षेत्रों की घटनाओं का हवाला दिया:
· पनागर – अनुसूचित वर्ग के लोगों के घरों में पथराव के बाद पुलिस ने पीड़ितों पर ही मुकदमा दर्ज कर उन्हें थाने में बंद कर पैसों की मांग की।
· भेड़ाघाट – बुजुर्ग जीवन अहिरवार को सरपंच की शिकायत पर प्रताड़ित किया जा रहा है, बाहरी गुंडे धमकी दे रहे हैं लेकिन पुलिस निष्क्रिय है।
· शहपुरा – दो साल पूर्व हुई इसी तरह की हत्या के आरोपी आज तक गिरफ्तार नहीं हो सके।
· पाटन – अजय अहिरवार को धन्नासेठों द्वारा जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं।
बसपा ने एसपी को सौंपा ज्ञापन
बसपा जिला अध्यक्ष एडवोकेट लखन अहिरवार के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं और पीड़ितों ने एसपी कार्यालय में नारेबाजी कर विरोध दर्ज कराया। ज्ञापन में निम्नलिखित मांगें रखी गईं:
1. आरती चौधरी हत्याकांड की निष्पक्ष जांच कर अन्य आरोपियों पर भी कार्रवाई की जाए।
2. आपराधिक तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
3. एससी/एसटी मामलों में थानों में तत्परता से कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
4. गरीबों से मामलों के नाम पर पैसे लूटने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई के निर्देश जारी किए जाएं।
इस मौके पर पूर्व पार्षद शरण चौधरी, दिनेश कुशवाहा, सुरजीत चौधरी, सुधा सिंह, रामराज राम, लक्ष्मण चौधरी, सीमा चौधरी, अनीता चौधरी सहित बड़ी संख्या में बसपा पदाधिकारी, कार्यकर्ता और पीड़ित उपस्थित रहे।
