पुलिस का धरपकड़ अभियान: 251 फरार वारंटी एक ही रात में गिरफ्तार, कोर्ट में पेश भेजें जेल - Bhaskar Crime

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पुलिस का धरपकड़ अभियान: 251 फरार वारंटी एक ही रात में गिरफ्तार, कोर्ट में पेश भेजें जेल

 पुलिस का ऐतिहासिक धरपकड़ अभियान: 251 फरार वारंटी एक ही रात में गिरफ्तार, कोर्ट में पेश भेजें जेल 

(धरपकड़ अभियान में हनुमानताल थाना एवं ग्रामीण चरगवा थाना आरोपीयों को गिरफ्तार करते)

 एसपी सम्पत उपाध्याय के निर्देश पर चली कॉम्बिंग गस्त, शहर एवं ग्रामीण में वर्षों से फरार आरोपी भी पकड़े गए

चीफ एडिटर जबलपुर, 5 जुलाई 2026 शहर की कानून-व्यवस्था को सशक्त बनाने और लंबित अपराधों का पटाक्षेप करने के लिए जबलपुर पुलिस ने एक बड़ा अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय (भा.पु.से.) के सख्त निर्देशन में 4 जुलाई की रात 9 बजे से 5 जुलाई की रात 2 बजे तक पूरे जिले में व्यापक कॉम्बिंग गस्त और धरपकड़ अभियान चलाया गया। इस दौरान पुलिस ने कुल 251 फरार वारंटी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया, जिसमें कई ऐसे आरोपी शामिल हैं जो वर्षों से कानून की पकड़ से बाहर थे।

संयुक्त मोर्चा: वरिष्ठ अधिकारियों की सक्रिय उपस्थिति

यह अभियान जबलपुर पुलिस के शीर्ष नेतृत्व की सक्रिय भागीदारी में संपन्न हुआ।

· अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर)  आयुष जाखड़ (भा.पु.से.),

· अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती अनु बेनीवाल (भा.पु.से.),

· अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (अपराध)  जितेन्द्र सिंह,

· अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ज़ोन-2) सुश्री पल्लवी शुक्ला,

· अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ज़ोन-4) सुश्री अंजना तिवारी,

· अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (मुख्यालय)  सूर्यकांत शर्मा,

· अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) अखिलेश तिवारी,

  सहित सभी नगर पुलिस अधीक्षक, उप पुलिस अधीक्षक और एस.डी.ओ.पी. ने अपनी-अपनी टीमों के साथ जमीनी स्तर पर रणनीति बनाई और चौबीसों घंटे संचालन की निगरानी की।

बनाई गईं विशेष टीमें, थाना प्रभारी स्वयं रहे मोर्चे पर

शहर और ग्रामीण क्षेत्रों के सभी थानों में तैनात लगभग 300 से अधिक अधिकारी-कर्मचारियों को बारीकी से विभाजित किया गया।

· एक टीम की कमान स्वयं थाना प्रभारियों ने संभाली,

· अन्य टीमों का नेतृत्व उप निरीक्षक (एस.आई.) और सहायक उप निरीक्षक (ए.एस.आई.) स्तर के अधिकारियों को सौंपा गया।

  हर टीम को विशेष दिशा-निर्देश दिए गए कि वे लंबित वारंटों की सूची, संपत्ति संबंधी अपराधों के रिकॉर्ड और स्थानीय सूचनाओं के आधार पर लक्षित दबिश दें।

गिरफ्तारियों का आँकड़ा: किस प्रकार के वारंट हुए तामील?

अभियान के अंत तक पुलिस टीमों ने निम्नलिखित सफलता अर्जित की:

· 127 गैर-म्यादी वारंट (Non-Bailable Warrants) – ये वे आरोपी हैं जिनके विरुद्ध जमानत रहित वारंट जारी थे और वे लंबे समय से फरार चल रहे थे।

· 86 गिरफ्तारी वारंट – नियमित गिरफ्तारी के लिए जारी वारंट, जिन्हें तत्काल प्रभाव से तामील किया गया।

· 38 जमानती वारंट – इन्हें भी इस अभियान में अदालत की कार्यवाही को पूर्ण करने के लिए तामील किया गया।

  इस प्रकार कुल 251 वारंटी को एक ही रात में पकड़ना जबलपुर पुलिस के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।

संदिग्ध स्थानों पर विशेष चेकिंग, वाहनों और व्यक्तियों की हुई पड़ताल

केवल वारंटियों तक सीमित न रहते हुए, पुलिस ने रात्रि गस्त के दौरान:

· रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और मुसाफिरखाना जैसे व्यस्त सार्वजनिक स्थलों पर संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की गहन चेकिंग की।

· देर रात आने-जाने वाले लोगों से पूछताछ की गई और उनके पहचान-पत्र एवं वाहन दस्तावेजों की जाँच की गई।

· सक्रिय अपराधी, गुंडे-बदमाश और असामाजिक तत्वों पर विशेष नज़र रखी गई ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।

एसपी सम्पत उपाध्याय का सख्त संदेश: 'यह अभियान जारी रहेगा'

पुलिस अधीक्षक  सम्पत उपाध्याय ने अभियान की समीक्षा करते हुए कहा:

"यह सफलता हमारी निरंतर मेहनत और खुफिया तंत्र की बदौलत संभव हुई है। जनता में सुरक्षा का विश्वास पैदा करना और कानून का राज सुनिश्चित करना हमारी प्राथमिकता है। जो अपराधी वर्षों से कानून से भाग रहे थे, उन्हें पकड़ना अनिवार्य था। यह सिर्फ शुरुआत है – भविष्य में इस प्रकार के अभियान और तेज़ किए जाएंगे, ताकि जबलपुर जिले को अपराध-मुक्त बनाया जा सके।"

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि लंबित वारंटों की तामील और फरार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए नियमित रूप से रणनीतिक दबिशें दी जाएंगी।

स्थानीय जनता में उत्साह, पुलिस-जन सम्पर्क को मिला बल

इस अभियान से आम नागरिकों में राहत और विश्वास की लहर दौड़ गई है। कई नागरिकों ने पुलिस के इस प्रयास की सराहना की और कहा कि इससे अपराधियों में खौफ पैदा होगा। साथ ही, रात्रि गस्त के दौरान पुलिस ने स्थानीय लोगों से संवाद करके उनकी समस्याओं को भी सुना, जिससे पुलिस-जन संबंध और मजबूत हुए

भविष्य की योजना: लगातार जारी रहेंगे ऐसे अभियान

पुलिस अधीक्षक ने संकेत दिया कि अब हर सप्ताह इस प्रकार की कॉम्बिंग और वारंट तामील अभियान चलाया जाएगा। साथ ही, संपत्ति संबंधी अपराधों, चेन स्नैचिंग और अवैध हथियारों पर भी विशेष फोकस रहेगा। सभी थाना प्रभारियों को आगामी माह की कार्ययोजना सौंप दी गई है, और सूचना तंत्र को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए गए हैं।