निगमायुक्त के सख्त रुख के बाद भी कामचोर अधिकारी-कर्मचारी नहीं सुधरे
(मनोज विश्वकर्मा चीफ एडिटर )
निगमायुक्त अहिरवार ने चार संभागों में किया औचक निरीक्षण, सफाई-जलापूर्ति-प्रकाश व्यवस्था बेहतर हो
चीफ एडिटर जबलपुर। नगर निगम के कामचोर अधिकारियों और कर्मचारियों से निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार बुरी तरह परेशान हैं। प्रतिदिन सघन निरीक्षण करने और सख्त निर्देश देने के बावजूद भी अधिकारियों और कर्मचारियों की कामचोरी थमने का नाम नहीं ले रही। निगमायुक्त के लगातार प्रयासों के बाद भी जब अधिकारी अपने कर्तव्यों का पालन ढंग से नहीं कर रहे, तो उनकी पोल खुलकर सामने आ गई है।
हालांकि, निगमायुक्त ने हार मानने से इनकार कर दिया है। उन्होंने गुरुवार को एक बार फिर सुबह से लेकर 10 बजे तक चार संभागों के विभिन्न वार्डों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने भानतलैया, मंडी मदार टेकरी, कुलिहिल टैंक और परियट जलाशय का जायजा लिया। निरीक्षण में साफ-सफाई, पेयजल आपूर्ति और स्ट्रीट लाइट की स्थिति बेहतर पाई गई, लेकिन अधिकारियों की मौजूदगी और सक्रियता में कमी देखी गई।
वर्षा पूर्व नाला-नालियों की सफाई का लिया जायजा
निगमायुक्त ने बरसात से पहले नालों और नालियों की सफाई व्यवस्था का भी गहन निरीक्षण किया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि जलभराव और नालों में गंदगी जमा होने से बचाने के लिए समय पर सफाई पूरी कर ली जाए। यदि किसी क्षेत्र में लापरवाही पाई गई, तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
परियट जलाशय और कुलिहिल टैंक की व्यवस्थाओं का निरीक्षण
निगमायुक्त अहिरवार ने परियट जलाशय और कुलिहिल टैंक पहुंचकर शहर को होने वाली जलापूर्ति व्यवस्था की समीक्षा की। ग्रीष्मकाल में नागरिकों को पर्याप्त और शुद्ध पेयजल मिले, इसके लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने जल शोधन संयंत्रों और पंपिंग स्टेशनों के सुचारू संचालन का निरीक्षण किया और संबंधित टीम के प्रयासों की सराहना की। साथ ही चेतावनी दी कि पेयजल की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता न किया जाए।
सफाई व्यवस्था पर विशेष जोर, हेल्थ अमले को फील्ड में उतरने के निर्देश
निगमायुक्त ने सुबह-सुबह सड़कों पर सक्रिय सफाई कर्मियों और साफ-सुथरे कचरा संग्रहण केंद्रों को देखकर प्रसन्नता जताई, लेकिन साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि कई इलाकों में सफाई कर्मी समय पर नहीं पहुंच रहे हैं। इस पर उन्होंने स्वास्थ्य अमले को सख्त निर्देश दिए कि नियमित रूप से फील्ड पर उतरकर मॉनिटरिंग करें। बिना पूर्व सूचना के किसी भी समय सफाई व्यवस्था का निरीक्षण किया जाएगा और अनुपस्थित पाए जाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।
स्थानीय निवासियों से की चर्चा, बेहतर व्यवस्थाओं पर जताई खुशी
निरीक्षण के दौरान निगमायुक्त ने भानतलैया, मदार टेकरी, कुलिहिल टैंक और परियट क्षेत्र के स्थानीय निवासियों से चर्चा की। नागरिकों ने बताया कि इन क्षेत्रों में स्ट्रीट लाइट्स दुरुस्त हैं, जिससे रात के समय आवागमन में कोई असुविधा नहीं हो रही है। सफाई और पानी की व्यवस्था भी पहले से बेहतर हुई है। निगमायुक्त ने कहा कि इस स्तर को न सिर्फ बनाए रखना है, बल्कि इसमें लगातार और सुधार करना है।
अधिकारियों को चेतावनी: लापरवाही बर्दाश्त नहीं
निरीक्षण के दौरान मौके पर मौजूद विभागीय अधिकारियों और स्वास्थ्य निरीक्षकों को निगमायुक्त ने साफ शब्दों में कहा कि अब कामचोरी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। प्रतिदिन सघन निरीक्षण जारी रहेगा और जो भी अधिकारी या कर्मचारी लापरवाही बरतता पाया गया, उसके खिलाफ तुरंत विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
गौरतलब है कि इससे पहले भी निगमायुक्त कई बार औचक निरीक्षण कर चुके हैं, लेकिन अधिकारियों और कर्मचारियों की रवैये में कोई खास बदलाव नहीं आया है। अब देखना यह होगा कि निगमायुक्त की इस सख्ती का असर कामचोर तबके पर कब दिखता है।