मोहर्रम पर्व पर शांति व सुरक्षा को चुनौती पुलिस ने संवेदनशील इलाकों में किया विशाल फ्लैग मार्च, एसपी सम्पत उपाध्याय ने दी चेतावनी
नावग्रस्त क्षेत्रों में पुलिस बल की मौजूदगी से दहशत में असामाजिक तत्व, सुरक्षा के कड़े इंतजाम
चीफ एडिटर जबलपुर, 25 जून 2026 मोहर्रम के पवित्र पर्व को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। त्योहार के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को रोकने और आम नागरिकों को सुरक्षित महसूस कराने के लिए आज पुलिस अधीक्षक श्री सम्पत उपाध्याय (भारतीय पुलिस सेवा) के नेतृत्व में जबलपुर के अति-संवेदनशील इलाकों में व्यापक फ्लैग मार्च किया गया। यह मार्च शहर के प्रमुख व्यापारिक और घनी आबादी वाले मोहल्लों से गुजरा, जहां पुलिस ने अपनी मौजूदगी से सुरक्षा का संदेश दिया।
पूरे शहर में दिखी पुलिस की ताकत
फ्लैग मार्च की शुरुआत पुलिस कंट्रोल रूम से हुई, जो देर शाम तक चलता रहा। इस दौरान पुलिस अधीक्षक श्री सम्पत उपाध्याय के साथ अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) श्री आयुष जाखड़ (भारतीय पुलिस सेवा) भी मौजूद रहे। उनके साथ सभी नगर पुलिस अधीक्षक और थाना प्रभारी अपनी-अपनी टीमों के साथ शामिल हुए। मार्च में जिला पुलिस बल, विशेष सशस्त्र बल (SAF), रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित थे, जिससे यह एक मल्टी-लेयर सुरक्षा अभियान जैसा लगा।
इन थाना क्षेत्रों को रखा गया विशेष फोकस
फ्लैग मार्च मुख्य रूप से ओमती, बेलबाग, कोतवाली, हनुमानताल और गोहलपुर थाना क्षेत्रों के संवेदनशील इलाकों में निकाला गया। इन क्षेत्रों को पहले से ही चिह्नित किया गया था, क्योंकि यहां सामाजिक तनाव या अराजक तत्वों की सक्रियता की आशंका जताई गई थी। पुलिस टीम ने पैदल व वाहनों के माध्यम से हर गली-मोहल्ले का निरीक्षण किया, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर नजर रखी जा सके।
फ्लैग मार्च का पूरा रूट जानें कहां-कहां से गुजरी पुलिस
यह फ्लैग मार्च कंट्रोल रूम से रवाना होकर निम्न प्रमुख स्थानों से होकर गुजरा:
· घंटाघर — शहर का मध्य बिंदु, जहां व्यापारिक गतिविधियां चरम पर होती हैं।
· बड़ी ओमती चौक और छोटी ओमती — ऐतिहासिक व घनी आबादी वाले क्षेत्र।
· बेलबाग तिराहा और लकड़गंज — संवेदनशील चौराहे।
· फूटाताल व सराफा चौक — सुनार-जौहरी बाजार, जहां भीड़ अधिक रहती है।
· कोतवाली थाने के सामने से होते हुए राजा रसगुल्ला, मिलौनीगंज, मछली मार्केट, बूढ़ी खेरमाई, चारखंबा, बहोराबाग, और रद्दी चौक से गुजरता हुआ मार्च अंततः गोहलपुर तिराहे पर जाकर समाप्त हुआ।
एसपी सम्पत उपाध्याय का सख्त संदेश
इस मौके पर पुलिस अधीक्षक श्री सम्पत उपाध्याय ने कहा, “हमारा उद्देश्य आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना पैदा करना है, ताकि वे बिना किसी डर के मोहर्रम पर्व को श्रद्धा-भाव से मना सकें। संस्कारधानी की जनता की सुरक्षा के लिए जबलपुर पुलिस पूरी तरह समर्पित और सतर्क है।” उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी, “अगर कोई असामाजिक या गुंडा तत्व किसी भी तरह की अनैतिक गतिविधि, दंगा-फसाद या अशांति फैलाने का प्रयास करता है, तो उसके खिलाफ सबसे कठोर से कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।” उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि शहर में 24/7 निगरानी रखी जा रही है और किसी भी सूरत में कानून-व्यवस्था बिगड़ने नहीं दी जाएगी।
प्रमुख अधिकारी रहे मौजूद
फ्लैग मार्च में समस्त नगर पुलिस अधीक्षक मौजूद रहे, जिनमें श्री मधुर पाटेरिया (गोहलपुर), श्री रीतेश कुमार शिव (कोतवाली), और श्री सोनू कुर्मी (ओमती) शामिल थे। इसके अलावा थाना प्रभारियों में श्री राजपाल सिंह बघेल (ओमती), श्री जितेन्द्र पाटकर (बेलबाग), श्री नवल आर्य (लार्डगंज), श्री सुभाष चंद बघेल (हनुमानताल), श्री रीतेश कुमार पांडेय (गोहलपुर), और उप निरीक्षक दिनेश गौतम (घमापुर) अपनी पूरी टीम के साथ उपस्थित थे। रिजर्व इंस्पेक्टर श्री जय प्रकाश आर्य ने पुलिस लाइन के बल और अन्य सुरक्षा दलों का नेतृत्व किया।
आम नागरिकों को राहत, असामाजिकों में हड़कंप
पुलिस की इस सक्रियता का असर दिखा—क्षेत्र के व्यापारियों और स्थानीय निवासियों ने राहत महसूस की। वहीं दूसरी ओर, फ्लैग मार्च से उन तत्वों में खौफ पैदा हो गया है, जो त्योहारों का फायदा उठाकर गड़बड़ी फैलाने की कोशिश कर सकते थे। पुलिस सूत्रों के अनुसार, आने वाले दिनों में भी इसी तरह की पेट्रोलिंग और नाकाबंदी जारी रहेगी, और मोहर्रम के मुख्य जुलूस के दौरान ड्रोन व CCTV कैमरों के जरिए भी निगरानी की जाएगी।
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति की सूचना तुरंत पुलिस को दें। सभी धार्मिक समुदायों से सौहार्द बनाए रखने और शांतिपूर्ण ढंग से त्योहार मनाने का आग्रह किया गया है
