नशे से दूरी, है ज़रूरी 2.0" का भव्य समापन: नशामुक्ति अभियान को मिला व्यापक जनसमर्थन - Bhaskar Crime

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नशे से दूरी, है ज़रूरी 2.0" का भव्य समापन: नशामुक्ति अभियान को मिला व्यापक जनसमर्थन

"नशे से दूरी, है ज़रूरी 2.0" का भव्य समापन: नशामुक्ति अभियान को मिला व्यापक जनसमर्थन


विशेष रिपोर्टर क्राइम भास्कर न्यूज जबलपुर, 30 जुलाई 2026 मध्यप्रदेश शासन के निर्देश पर 15 जुलाई से 30 जुलाई 2026 तक चलाए गए "नशे से दूरी, है ज़रूरी 2.0" पंद्रह दिवसीय जनजागरूकता अभियान का आज भव्य समापन संस्कृति भवन, भंवरताल परिसर में एक गरिमामयी समारोह में किया गया। इस अवसर पर माननीय महापौर  जगत बहादुर अन्नू, माननीय विधायक कैंट  अशोक रोहाणी, पुलिस उप महानिरीक्षक जबलपुर रेंज  अतुल सिंह (भा.पु.से.) तथा पुलिस अधीक्षक जबलपुर सम्पत उपाध्याय (भा.पु.से.) ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई।

उद्देश्य और आदेश

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं पुलिस महानिदेशक  कैलाश मकवाना (भा.पु.से.) के निर्देशानुसार प्रदेशव्यापी रूप से आयोजित इस अभियान का मुख्य उद्देश्य समाज को नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों से अवगत कराना एवं युवाओं को जागरूक कर मध्यप्रदेश को नशामुक्त बनाना था। जबलपुर जिले में पुलिस महानिरीक्षक  प्रमोद वर्मा एवं पुलिस उप महानिरीक्षक अतुल सिंह के मार्गदर्शन में पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने समस्त अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों को इस दिशा में सक्रिय रूप से जुटने के निर्देश दिए।

15 दिनों में विविध गतिविधियों से हुआ जागरूकता का प्रसार

पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में एडिशनल एसपी आयुष जाखड़, श्रीमती अनु बेनिवाल, जितेन्द्र सिंह, सुश्री पल्लवी शुक्ला, सुश्री अंजना तिवारी,  सूर्यकांत शर्मा,  अखिलेश तिवारी एवं समस्त नगर पुलिस अधीक्षकों ने अपने-अपने क्षेत्रों में अनेक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। इनमें शामिल रहे:

· शैक्षणिक संस्थानों में संवाद एवं विचार गोष्ठियाँ

· हाट-बाजारों, चौराहों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, कॉलोनियों एवं गाँवों में रैलियाँ, नुक्कड़ नाटक और पोस्टर-पंपलेट वितरण

· प्रतियोगिताएँ: निबंध, रांगोली, ड्राइंग एवं पेंटिंग प्रतियोगिताओं के माध्यम से विद्यार्थियों को जोड़ा गया।

· शपथ दिलाई: नशे से दूर रहने की शपथ दिलाई गई।

· शॉर्ट फिल्म, गीत-संगीत एवं नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराया गया।

· जागरूकता रथ द्वारा फ्लेक्स एवं पोस्टरों के साथ शहर का भ्रमण कर जनजागृति फैलाई गई।

18 लाख व्यूज के साथ सोशल मीडिया पर भी कमाल

जबलपुर पुलिस ने सोशल मीडिया के माध्यम से भी इस अभियान को व्यापक रूप से प्रचारित किया। इस अभियान से संबंधित सामग्री को लगभग 18 लाख व्यूज प्राप्त हुए, जो इस बात का प्रमाण है कि जनमानस ने इस अभियान को गंभीरता से लिया।

समापन समारोह की मुख्य बातें

माननीय महापौर जगत बहादुर अन्नू उन्होंने मुख्यमंत्री की पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस अभियान ने दो लाख से अधिक लोगों को जागरूक किया है। उन्होंने नागरिकों से नशे के अवैध कारोबार की सूचना पुलिस को देने की अपील की और युवाओं से आह्वान किया कि वे स्वयं तो नशे से दूर रहें ही, दूसरों को भी प्रेरित करें।

माननीय विधायक कैंट अशोक रोहाणी

उन्होंने कहा कि यह अभियान मात्र 15 दिनों तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि इसे जनआंदोलन के रूप में आगे बढ़ाना होगा। उन्होंने क्यूआर कोड के माध्यम से सूचना देने पर विशेष जोर दिया।

डीआईजी अतुल सिंह

उन्होंने अभियान में मिले जनसहयोग की सराहना करते हुए कहा कि प्राप्त सूचनाओं के आधार पर पूरे वर्ष नशे के कारोबारियों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने नशामुक्ति और महिला सुरक्षा को परस्पर जुड़ा विषय बताया।

पुलिस अधीक्षक श्री सम्पत उपाध्याय

उन्होंने कहा, "अभियान समाप्त हो रहा, लेकिन इसकी भावना निरंतर रहेगी।" उन्होंने बताया कि नशा व्यक्तिगत, पारिवारिक और आर्थिक क्षति के साथ-साथ समाज को भी प्रभावित करता है। उन्होंने विद्यार्थियों को "नशामुक्त जबलपुर" का दूत बनाने पर बल दिया।

"डिजिटल प्रहरी" क्यूआर कोड: एक अनोखी पहल

पुलिस अधीक्षक  सम्पत उपाध्याय ने एक नवीन पहल करते हुए "डिजिटल प्रहरी" QR कोड जारी किया है, जिसके माध्यम से कोई भी नागरिक गोपनीय रूप से नशे के सौदागरों, अवैध बिक्री, भंडारण या तस्करी की सूचना सीधे पुलिस अधीक्षक को दे सकता है।

· सूचना देने वाले की पहचान पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी।

· उचित पुरस्कार भी दिया जाएगा।

· प्राप्त सूचना पर तुरंत कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

सम्मान एवं समर्पण

समापन समारोह में जिला रेडक्रॉस सोसायटी, शिक्षण संस्थानों, सामाजिक संगठनों, सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग तथा अभियान में उत्कृष्ट योगदान देने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों, शिक्षकों और छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया।

पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय ने संस्कारधानी वासियों से अपील की:

"समाज को नशामुक्त बनाने के इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएँ। कहीं भी नशे का अवैध कारोबार दिखे, तो बिना किसी भय या संकोच के 'डिजिटल प्रहरी' QR कोड के माध्यम से सूचना दें। आपकी एक गोपनीय सूचना कई युवाओं का भविष्य सुरक्षित कर सकती है 

नशा मुक्ति ही समृद्धि की ओर पहला कदम – यही संदेश लेकर यह अभियान समाप्त हुआ, लेकिन इसका संकल्प स्थायी रहेगा।