एक ही थाने में 4 साल से अधिक समय बिताने वाले 60 पुलिसकर्मियों का तबादला - Bhaskar Crime

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एक ही थाने में 4 साल से अधिक समय बिताने वाले 60 पुलिसकर्मियों का तबादला

*एक ही थाने में 4 साल से अधिक समय बिताने वाले 60 पुलिसकर्मियों का तबादला*


चीफ रिपोर्टर भोपाल। पुलिस मुख्यालय ने लंबे समय से एक ही थाने में तैनात पुलिसकर्मियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक साथ 60 कर्मियों का स्थानांतरण कर दिया है। यह तबादला सूची उन उप निरीक्षकों, प्रधान आरक्षकों और आरक्षकों पर केंद्रित है, जो पिछले चार वर्षों से अधिक समय से एक ही थाने में पदस्थ थे।

क्यों जरूरी था यह कदम?

पुलिस विभाग के सूत्रों के अनुसार, एक ही थाने में लंबे समय तक तैनात रहने से कई बार स्थानीय नेताओं, अपराधियों और व्यापारियों से नजदीकियां बढ़ जाती हैं, जिससे निष्पक्ष कामकाज प्रभावित होता है। लंबे कार्यकाल के दौरान पुलिसकर्मी क्षेत्र के माहौल के अभ्यस्त हो जाते हैं, जिससे उनकी सक्रियता और कार्यक्षमता पर असर पड़ता है। इसी को देखते हुए विभाग ने रोटेशन नीति के तहत यह फैसला लिया।

किन-किन का हुआ तबादला?

जारी आदेश के अनुसार:

· उप निरीक्षक (Sub-Inspectors): लगभग 12 एसआई शामिल हैं, जिनमें से कई 5-6 साल से एक ही थाने में थे।

· प्रधान आरक्षक (Head Constables): 25 से अधिक प्रधान आरक्षकों का स्थानांतरण किया गया है।

· आरक्षक (Constables): सबसे अधिक 23 आरक्षकों को अन्य थानों में भेजा गया है।

ये सभी पुलिसकर्मी भोपाल शहर के विभिन्न थानों – जिनमें मिसरोद, हबीबगंज, गौतमनगर, कमला नगर, पिपलानी, अशोका गार्डन, टीटी नगर आदि प्रमुख हैं – से हटाकर शहर के अन्य थानों तथा कुछ मामलों में जिला स्तरीय इकाइयों में भेजे गए हैं।

आदेश किसने जारी किया?

मुख्यालय के डीसीपी (डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस) द्वारा जारी इस आदेश पर पुलिस आयुक्त (या एसपी) के हस्ताक्षर भी शामिल हैं। आदेश में साफ तौर पर कहा गया है कि "एक ही थाने में चार वर्ष से अधिक समय से पदस्थ सभी कर्मियों को अनिवार्य रूप से स्थानांतरित किया जाएगा।"

पुलिस महकमे में हलचल

तबादला आदेश जारी होते ही पुलिस लाइनों और थानों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया। कुछ पुलिसकर्मियों ने लंबे समय से एक ही इलाके में काम करने के कारण वहां की सामाजिक-आपराधिक गतिविधियों की गहरी समझ होने का हवाला देते हुए मोर्चा खोलने की बात कही, वहीं अधिकांश ने विभाग के फैसले को सही ठहराया।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर कहा, "यह एक नियमित प्रक्रिया है। कई राज्यों में हर तीन साल में पुलिसकर्मियों का रोटेशन होता है। हमारे यहां यह पहली बार इतने बड़े पैमाने पर लागू किया गया है।"

आगे की योजना

मुख्यालय सूत्रों के मुताबिक, यह केवल पहला चरण है। अगले कुछ हफ्तों में उन पुलिसकर्मियों की भी सूची जारी की जाएगी जो तीन साल से अधिक समय से एक ही थाने में हैं। साथ ही, तबादले के बाद खाली हुई जगहों पर नई तैनाती के लिए भी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

नए स्थानों पर रिपोर्टिंग

तबादला सूची में शामिल सभी 60 पुलिसकर्मियों को आदेश जारी होने के 7 दिनों के भीतर नए निर्धारित थानों या कार्यालयों में रिपोर्ट करने का निर्देश दिया गया है। अनुपालन न करने पर विभागीय कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।

(इस रिपोर्ट में पुलिस मुख्यालय के आधिकारिक सूत्रों और आदेश की प्रति के आधार पर जानकारी दी गई है।)