162वां श्रीमुकुट पूजन चल समारोह जय श्री राम के जयकारों के साथ धूमधाम से निकाला गया
जगह-जगह जुलूस का स्वागत किया गया और श्रद्धालुओं ने श्रीमुकुटों के दर्शन किया।
विशेष रिपोर्टर क्राइम भास्कर जबलपुर। श्री गोविंदगंज रामलीला समिति का 162वां श्रीमुकुट पूजन चल समारोह सोमवार को धूमधाम, श्रद्धा और भव्यता के साथ निकाला गया। जयश्रीराम और जयकरो के उद्घोष के साथ निकले इस चल समारोह ने पूरे शहर को राममय कर दिया। जगह-जगह जुलूस का स्वागत किया गया और श्रद्धालुओं ने श्रीमुकुटों के दर्शन कर पुण्य लाभ अर्जित किया।
इससे पूर्व रामलीला भवन में व्यास पं. वासुदेव शास्त्री के निर्देशन में विद्वान ब्राह्मणों ने विधि-विधान से श्रीमुकुटों का पूजन किया। भगवान श्रीगणेश, राम-सीता, लक्ष्मण-भरत-शत्रुघ्न, अंजनी किशोर हनुमान और माता गौरी के स्वर्णजड़ित मुकुटों की प्राणप्रतिष्ठा कराई गई। शाम को पूर्व महापौर प्रभात साहू ने भी श्रीमुकुटों का पूजन किया और भगवा ध्वज दिखाकर चल समारोह को रवाना किया।
पूजन के उपरांत श्री साहू ने कहा कि गोविंदगंज रामलीला के श्रीमुकुटों का दर्शन करना सौभाग्य की बात है। यहां के मुकुटों में भगवान का वास है। इनके दर्शन से अंतर्मन में शांति और भक्ति का संचार होता है।
मुकुट पूजन जुलूस रामलीला भवन से प्रारंभ होकर गुड़हाई, कोतवाली, कमानिया, फुहारा, बड़े महावीर, निवाड़गंज, पांडे चोक, बल्देवबाग, चेरीताल, दमोहनाका होते हुए वापस रामलीला प्रांगण में पहुंचा। जुलूस में अध्यक्ष अनिल तिवारी, संरक्षक राकेश पाठक, अरुण दुबे, राजकुमार गुप्ता, मांगू गोयल, मनीष पाठक सहित शहर के गणमान्य नागरिक, समिति के सभी पदाधिकारी और पात्र जगत उपस्थित रहे। जुलूस में साधु मंडली, भजन मंडली, बैंड-धमाल आदि ने पूरे माहौल को धार्मिक और भक्तिमय बना दिया। रामलीला जुलूस का जगह-जगह स्वागत किया गया।
आज प्रभु श्रीराम का जन्म
गोविंदगंज रामलीला के भव्य मंच पर आज सोमवार 5 अक्टूबर को रात्रि 9 बजे से श्री नारद मोह की लीला के साथ रामलीला मंचन अनुष्ठान शुरू हो जाएगा। नारद मोह, कामदेव चरित्र, मोहिनी स्वयंवर के बाद श्रीराम का जन्म होगा, जिसे उत्सव की तर्ज पर मनाया जाएगा। चारों भाइयों के जन्म पर मंगल गान, प्रसाद वितरण सहित कई आयोजन होंगे। अध्यक्ष श्री तिवारी ने सभी श्रद्धालुओं से भगवान की लीला का दर्शन लाभ लेने की अपील की है।
